शुक्रवार, दिसम्बर 3

भागलपुर में लॉकडाउन के बीच कुछ निजी अस्पताल वसूल रहे मनमाना पैसे, सरकार ध्यान दें

कोरोना वायरस के वजह से पुरे देश में लॉकडाउन चल रहा, लाखो लोग कोरोना से बावजूद अलग अलग बीमारियों से भी जूझ रहे है, बड़े अस्पतालों में ओपीडी सेवाएं ठप पड़ी हैं। हालांकि बिहार में सरकार ने निजी अस्पतालों और क्लीनिकों को खोलने की आदेश जारी किया है। लेकिन अभी भी बहुत से निजी अस्पताल के डॉक्टर अपने क्लिनिक को खोलने से कतरा रहे है।

एक तरफ जहां सभी डॉक्टर्स और स्वाथ्यकर्मी, पुलिस प्रशासन मिलकर पुरे देश को बचाने में जुटे हुए हैं, लेकिन इसी बीच लॉकडाउन में कुछ निजी अस्पताल अपनी मनमानी करने से बाज नहीं आ रहे सूत्रों से मिली सुचना के अनुसार भागलपुर में कुछ निजी अस्पताल इलाज के नाम पर मरीजों से मनमाना पैसा वसूल रहे है। जिस डॉक्टर की फी और दिनों 300 रुपये थी वहा लॉकडाउन के दौरान 1000 से 1100 तक वसूला जा रहा है। साथ से x-ray और अल्ट्रासॉउन्ड कराने का चार्ज जहा 800 से 1000 लिया जाता था वहा भी 2000 से 2500 तक वसूला जा रहा है। और यहां साबुन, सेनिटाइज़र तक की व्यवस्था नहीं की गयी है इसकी व्यवस्था भी मरीजों को खुद से करना पड़ रही है।

मरीज भी मजबूर है अगर इलाज करानी है तो उस क्लिनिक या डॉक्टर के खिलाफ आवाज भी नहीं उठा सकते, और मज़बूरी में पैसे बढाकर देने पड़ रहे, संपन्न लोग अपना इलाज करवा सकते है लेकिन जिनके पास पैसे की किल्लत है जिसकी इन दिनों आय लॉकडाउन के वजह से ठप पड़ी हुई है उसका क्या इस बिंदु पर सरकार, प्रशासन को ध्यान देने की आवश्यकता है। अगर किसी को ऐसी शिकायत है तो कृपया अपने नजदीकी थाने में संपर्क करे और अपनी शिकायत दर्ज कराये।