#

बिहार :- हमारे राज्य बिहार के सभी जिलों के रजिस्ट्री कार्यालयों में जमीन रजिस्ट्री लेने के बाद दस्तावेज के लिए 5 दिनों का इंतजार करना होता है जिसके लिए लोक सेवा गारंटी कानून के तहत आवेदन भी लोगों को करना पड़ता है। इस प्रक्रिया में आम लोगों के साथ-साथ कार्यालय के अधिकारियों पर भी बोझ बढ़ जाता है, तथा आवेदन करने वाले लोगों का एक से डेढ़ घंटा का समय भी बर्बाद होता है।

 

अपर मुख्य सचिव ने निकाला यह समाधान

इस समस्या से निजात पाने के लिए इस विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक ने नए आदेश जारी किए हैं, नए आदेश के तहत अब जमीन रजिस्ट्री के दिन ही कार्यालय द्वारा दस्तावेज को सौंपने का आदेश जारी किया गया है, साथ साथ यह निर्देश जारी किया गया है इस आदेश को अविलंब लागू किया जाए।

 

अब होंगे ये बदलाव

इस नए कानून के लागू होने के बाद अब जमीन फ्लैट रजिस्ट्री कराने वाले लोगों को लोक सेवा गारंटी कानून के तहत किए जाने वाले आवेदन से हमेशा के लिए मुक्ति मिल जाएगी। यह आदेश कई प्रकार के कार्यों के लिए जारी किया गया है, जैसे दस्तावेजों के निबंधन दस्तावेजों की वापसी दस्तावेजों के निस्तारण दस्तावेजों की खोज या उनकी प्रतिलिपि लेने, और ऋण अवभार प्रमाण पत्र के लिए भी अब महज 1 दिन का इंतजार करना होगा तथा इसके लिए लोक सेवा गारंटी कानून के तहत की जाने वाली आवेदन की प्रक्रिया को खत्म कर दिया गया है।

 

अपर मुख्य सचिव केके पाठक द्वारा लिखे गए पत्र का विवरण

अपर मुख्य सचिव ने लिखे गए पत्र में यह साफ साफ कहा है कि जमीन की रजिस्ट्री के दिन ही जनता को दस्तावेज सौंप दिया जाना है लेकिन अगर कोई व्यक्ति का दस्तावेज किसी कारणवश नहीं मिल पाता है तो उसे लोक सेवा गारंटी कानून के तहत तय समय सीमा 5 दिन के भीतर दस्तावेज दिया जाना चाहिए इसके लिए उस व्यक्ति को आवेदन करना अनिवार्य होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *