बिहार के रेलयात्रियो के लिए अच्छी खबर, बिहार में ट्रेन के रास्ते सुरंग से गुजरना बहुत की खूबसूरत एहसास दिलाता है इसका उदाहरण फ़िलहाल बिहार में एक मात्र जगह जमालपुर में देखने को मिलता है। अंग्रेजो द्वारा विकसित वह सुरंग जिसके रास्ते सिर्फ़ एक वक्त में एक ही ट्रेन गुजर पाती है, ऐसे में दूसरे ट्रेन को गुजरने के लिए आऊटर सिग्नल पर इंतज़ार करना पड़ता है। ऐसे में यात्रा में लगने वाले समय में भी इज़ाफ़ा हो जाता है।

 

 

अब इस संकट से सभी को जल्द ही छुटकारा मिलने वाला है। क्योंकि उसी सुरंग के समानांतर रेलवे ने एक और शानदार सुरंग तैयार कर दिया है, फ़र्श के ढलाई का काम पहले हाई पूरा हो चुका है। अब पटरी बिछाने का काम भी शुरू होने वाला है। आपको बता दें की यह नया सुरंग पुराने सुरंग से बिलकुल अलग और बेहतर है क्योंकि नए सुरंग में ट्रेन के साथ साथ पैदल चलने वाले यात्रीयो के लिए भी जगह रखा गया है।

 

 

नया सुरंग पुराने सुरंग से 15 फ़ीट की दूरी पर बनाया गया है। अब यह सुरंग नवंबर के अंत तक काम पूरा होने के बाद शुरू कर दिया जाएगा, जिसका नतीजा यह मिलेगा की कीउल से माल्दा तक के 276 KM रेलवे ट्रैक पूरी तरह डबल हो जाएगा। जिससे रेलयात्रियो को बड़ी राहत मिलेगी, तथा यात्रा में लगने वाला समय भी घटेगा। इस नए सुरंग के निर्माण के लिए न्यू आस्ट्रेलियन तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है।