बुधवार, दिसम्बर 8

अभी अभी : भागलपुर में कामेश्वर पांडेय और नौकरानी रेनू के हत्यारो का हुआ पर्दाफाश, टीम को इनाम

भागलपुर के तिलकामांझी के नवाब बाग कॉलोनी में अधिवक्ता कामेश्वर पांडेय और उनकी नौकरानी रेणु झा की हत्या के मामले का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर पर्दाफाश कर दिया है। जांच में जानकारी मिली है कि सपा नेता गोपाल भारती ने ही अधिवक्ता और उनकी नौकरानी की हत्या कराई थी। शुक्रवार की रात ही पुलिस ने हत्या में शामिल आरोपित बबरगंज इलाके के सकरूल्लाचक निवासी रवीश कुमार को गिरफ्तार कर लिया। उसने घटना को लेकर सारी सच्चाई पुलिस को बता दी है। रवीश प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करता है। वह रिटायर दारोगा का बेटा है। यह जानकारी एसएसपी आशीष भारती ने शनिवार को आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान दी है। गोपाल भारती ने 2015 में सपा के टिकट पर भागलपुर विधानसभा का चुनाव भी लड़ा था। शनिवार देर शाम को अधिवक्ता की गाड़ी किशनगंज जिले से बरामद की गई है। इसी वाहन से हत्यारे फरार हुए थे।

रवीश ने पुलिस के समक्ष अपना जुर्म कबूलते हुए घटना में शामिल अन्य तीन लोगों के नाम बताए हैं। इसमें भीखनपुर का राज कुमार समेत एक और अन्य शामिल है। इनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम सहरसा, पूर्णिया, किशनगंज, मधेपुरा आदि जिलों में भेजी गई है। एसएसपी ने बताया कि घटना की जानकारी मिलने पर सिटी एसपी सुशांत कुमार सरोज और सिटी डीएसपी राजवंश सिंह नेतृत्व में एसआइटी का गठन किया गया। दोनों अधिकारियों को अलग-अलग जांच के लिए भेजा गया। इनमें इशाकचक इंस्पेक्टर संजय कुमार सुधांशु, तिलकामांझी इंचार्ज मिथिलेश कुमार, जोगसर इंचार्ज विश्वबंधु कुमार, बाइपास इंचार्ज सुनील कुमार झा आदि शामिल हैं। सभी टीमें अलग अलग ठिकानों पर दबिश दे रही थीं। इसी दौरान रवीश के बारे में पुलिस को जानकारी मिली और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। टीम में शामिल पुलिसवालों को पुरस्कृत किया जाएगा।

रवीश के पिता बिहार पुलिस में वायरलेस दारोगा के रूप में कार्यरत थे। वह सेवानिवृत हो चुके हैं। उसका एक भाई भागलपुर कम्युनिटी पुलिसिंग में कक्षा भी करता है। छापेमारी के दौरान सिटी डीएसपी और मोजाहिदपुर थानेदार प्रमोद साह ने रवीश के घर की तलाशी ली। एक कोने में उसका जींस फेंका हुआ मिला। जांच करने पर उसमें खून के निशान मिले। पुलिस ने सख्ती की तो उसने सारी बातें उगल दी। उसका कहना था कि उसे हत्या के बाद खर्चा पानी के लिए गोपाल भारती ने 10 हजार रुपये दिए थे। बांकी रुपये बाद में देने की बात हुई थी।

पुलिस गिरफ्त में आरोपित रवीश ने बताया कि गोपाल भारती को कामेश्वर पांडेय और उनकी नौकरानी घर खाली करने के लिए अक्सर दबाव बनाती थीं। हर दिन नौकरानी गोपाल को बुरा भला कहती थीं। इस बात से गोपाल आजिज हो गया था। इसके बाद उसने हत्या का प्लान बनाया। उन लोगों को कहा गया था कि हत्या के बाद लाखों रुपये घर से मिलेंगे। इसमें उन लोगों को भी हिस्सा मिलेगा। इसी लालच में वे सभी इस प्लान में शामिल हो गए और दोनों की हत्या कर दी। उसने बताया कि वे लोग हत्या के बाद गंगा पार चले गए। रवीश ने उन लोगों को पूर्णिया में छोड़ा था। वहां से वह 10 हजार रुपये लेकर घर लौट आया। वे लोग कहां गए हैं, इसके बारे में जानकारी नहीं है।

दोहरे हत्याकांड में एक आरोपित की गिरफ्तारी हुई है। अन्य गिरफ्तारियों के लिए एसआइटी अलग-अलग जिलों में छापेमारी कर रही है। हत्यारोपित का खून से सना कपड़ा घर में मिला है। स्पीडी ट्रायल चलाकर इस मामले में आरोपित को सजा दिलाई जाएगी। – आशीष भारती, एसएसपी, भागलपुर

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